Pradhan Mantri Mudra Yojana

प्रधान मंत्री मुद्रा योजना

माइक्रो यूनिट्स डेवलपमेंट एंड रिफाइनेंस एजेंसी लिमिटेड (मुद्रा) भारत सरकार द्वारा स्थापित एक नई संस्था है जो ऐसे सूक्ष्म और लघु उद्यमों की गैर-कॉर्पोरेट, गैर-कृषि क्षेत्रक आय उत्पन्न करने वाली गतिविधियों को वित्त पोषित करने के लिए स्‍थापित की गई है, जिनकी ऋण आवश्यकताएं रु.10 लाख से कम हैं।

 

प्रधान मंत्री मुद्रा योजना (पीएमएमवाई) के तत्‍वाधान में, मुद्रा (MUDRA ) ने लाभार्थी सूक्ष्‍म इकाइयों की विकास और वित्त पोषण आवश्यकताओं के चरण के अनुसार तीन उत्पाद अर्थात 'शिशु', 'किशोर' और 'तरुण' तैयार किए हैं। ये योजनाएँ निम्‍नलिखित प्रकार से ऋण राशियों को कवर करती है:

  1. शिशु: 50,000 रु. तक के ऋण को कवर करता है
  2. किशोर: रु. 50,000 से अधिक एवं रु. 5,00,000 तक के ऋण को कवर करता है।
  3. तरुण: रु.5,00,000 से अधिक एवं रु.10,00,000 तक के ऋण को कवर करता है।

 

सभी गैर-कॉर्पोरेट छोटे व्यवसाय संभाग (एनसीएसबीएस) जिनमें ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में छोटी विनिर्माण इकाइयों, सेवा क्षेत्रक इकाइयों, दुकानदारों, फल/ सब्जी विक्रेताओं, ट्रक ऑपरेटरों, खाद्य सेवा इकाइयों, मरम्मत की दुकानों, मशीन ऑपरेटरों, छोटे उद्योगों, खाद्य संसाधकों और अन्य के रूप में चल रही में स्वामित्व या साझेदारी फर्म शामिल हैं, वे मुद्रा के अंतर्गत सहायता के लिए पात्र हैं।

 

बैंक की शाखाएं ग्राहक की आवश्यकताओं के अनुसार मुद्रा योजना के अंतर्गत ऋण की सुविधा प्रदान करेंगी। इस योजना के अंतर्गत दिए जाने वाले ऋण संपार्श्विक मुक्त ऋण हैं।

निम्नलिखित के लिए मुद्रा ऋणों का लाभ उठाया जा सकता है

वाहन ऋण: वाणिज्यिक वाहन ऋण, कार ऋण और दोपहिया वाहन ऋण

 

व्यापार स्‍थापना ऋण (बीआईएल): कार्यशील पूंजी आवश्यकता, संयंत्र और मशीनरी खरीदने, कार्यालयों के नवीनीकरण आदि के लिए ऋण।

 

व्यवसाय ऋण समूह ऋण (बीएलजी ) और ग्रामीण व्यापार ऋण (आरबीसी): हम ड्रॉप लाइन ओवरड्राफ्ट / ओवरड्राफ्ट सुविधा / कार्यशील पूंजी ऋण प्रदान करते हैं

अधिक जानकारी के लिए या मुद्रा ऋण हेतु आवेदन करने के लिए, कृपया अपनी नजदीकी आईसीआईसीआई बैंक शाखा पर जाइए।.